मुंबई। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के अध्यक्ष राज ठाकरे आईएल एंड एफएस से संबंधित एक मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के सामने पेश हुए। कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा), स्वाभिमानी शेतकरी संगठन जैसे महाराष्ट्र के सभी विपक्षी दलों ने इसे ईडी द्वारा प्रतिशोध के तौर पर उठाया गया कदम करार दिया। ठाकरे अपनी पत्नी शर्मिला, बेटी उर्वशी, बेटे अमित, बहू मिताली और पार्टी के प्रमुख नेताओं के साथ कड़ी पुलिस सुरक्षा के बीच दक्षिण मुंबई स्थित ईडी मुख्यालय पहुंचे।

उनके परिवार के सदस्यों और पार्टी के नेताओं को हालांकि पास के ग्रैंड होटल में रुकना पड़ा, क्योंकि किसी को भी ईडी कार्यालय के अंदर जाने की अनुमति नहीं थी।

दो दिन पहले एक बयान में राज ठाकरे ने घोषणा की थी कि वह ईडी द्वारा जारी किए गए सम्मन का सम्मान करेंगे।

जरुर पढ़ें:  30 साल बाद कांग्रेस कि बिहार में अपनी पहली रैली , जानीए कैसी रही रैली

इस दौरान मनसे के प्रवक्ता संदीप देशपांडे और अन्य कार्यकर्ताओं को दादर में हिरासत में ले लिया गया। इसके बाद उन्हें पास के शिवाजी पार्क पुलिस स्टेशन ले जाया गया। किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए पुलिस की ओर से लोगों को सड़कों पर उतरने की अनुमति नहीं थी।

देशपांडे ने अपनी हिरासत का कड़ा विरोध करते हुए पुलिस की आलोचना की।

वहीं दूसरी ओर अन्य कार्यकर्ताओं ने ‘इडियट हिटलर’ लिखी हुई काली टी-शर्ट पहनकर शांतिपूर्वक तरीके से विरोध किया। राज्यभर से हजारों समर्थक मनसे प्रमुख के साथ एकजुटता जाहिर करने के लिए मुंबई पहुंचे हुए थे।

बुधवार की रात मनसे कार्यकर्ताओं को पुलिस ने नोटिस जारी किया, जिसमें उन्हें ईडी के सामने ठाकरे की उपस्थिति पर किसी भी तरीके से कानून एवं व्यवस्था को भंग नहीं करने की चेतावनी दी थी।

जरुर पढ़ें:  प्रज्ञा ठाकुर पर बीजेपी मेहरबान, मोदी ने दिया तोहफा

शहर में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने कई इंतजाम कर रखे थे। प्रमुख स्थानों पर बैरिकेडिंग लगाने के अलावा कई रास्तों को भी डायवर्ट किया गया था। इस दौरान पुलिस कर्मियों के साथ ही डॉग स्क्वायड की एक बड़ी टीम भी तैयार रही।

ठाकरे ने अपने सभी समर्थकों को किसी भी उकसावे के बावजूद शांत रहने की अपील की थी। उन्होंने लोगों को ईडी कार्यालय से दूर रहने और किसी भी तरह के आंदोलन या हिंसा से दूर रहने को कहा था।

ठाकरे के चचेरे भाई और सत्तारूढ़ सहयोगी शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने बुधवार को अप्रत्यक्ष रूप से राज ठाकरे का समर्थन करते हुए कहा कि ईडी द्वारा उनकी (राज ठाकरे) पूछताछ से कुछ भी नहीं निकलेगा।

जरुर पढ़ें:  रतुल पुरी मामले में ईडी का खुलासा- 'घोटाले की रकम 1400 करोड़ के पार'

उद्धव ने कहा, “मुझे नहीं लगता कि ईडी द्वारा जांच का कोई नतीजा निकलेगा।”

ईएल एंड एफएस गड़बड़ी से संबंधित एक मामले में राज ठाकरे के व्यापारिक साझेदार रहे पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मनोहर जोशी के बेटे अनमेश जोशी और राजन शिरोडकर को पहले ही ईडी के सामने पेश किया जा चुका है।

ईडी द्वारा मनसे प्रमुख को सम्मन दिए जाने से नाराज पार्टी के एक युवा कार्यकर्ता ने बुधवार को खुद को आग लगाकर आत्महत्या कर ली थी।

VK News

Loading...