राफेल का नाम एक बार फिर सुर्खियों में है. लेकिन इस बार राहुल गांधी ने नहीं बल्कि इस विमान की क्वालिटी के चलते ये चर्चा का विषय बना हुआ है. फ्रांस से भारत ने 36 राफेल विमानों का सौदा किया है. इसी कड़ी में अगले साल तक मिलने वाले 4 विमानों को और भी ज्यादा उन्नत किया जा रहा है. राफेल के अगले बेड़े के विमानों में ऐसी मिसाइल लगाई जा रही है जो किसी भी मौसम में फेल नहीं हो सकती.

ये विमान अपने आप में इतना ताकतवर है कि एक नहीं बल्कि डबल अटैक करने की क्षमता रखता है. इसके जरिए पाकिस्तान के आतंक का डबल ऑपरेशन किया जा सकता है. इतना ही नहीं ये मिसाइल पाकिस्तान के AIM-120C  को भी पछाड़ देगी, जिसकी क्षमता 100 किलोमीटर दूरी तक लक्ष्य भेदने की है. पाकिस्तान ने बालाकोट एयरस्ट्राइक के बाद भारतीय सीमा में भेजे अपने एफ-16 जेट पर इसी मिसाइल का इस्तेमाल किया था.

जरुर पढ़ें:  सतत विकास की रेस में केरल अव्वल, जानिए कौन रहा फिसड्डी...

इस मिसाइल का नाम मिटिऑर है. इसे BVR यानी कि बियॉन्ड विजुअल रेंज मिसाइल भी कहा जाता है. बता दें कि पहले मई, 2020 में 4 राफेल जेट के साथ ही भारत की सैन्य ताकत मजबूत हो जाएगी. इसकी मदद से भारत आतंक के आका पाकिस्तान की हर हरकत को नस्तेनाबूत कर सकता है. बता दें कि बियॉन्ड विजुअल रेंज एयर-टू-एयर मिसाइलों की अगली जनरेशन के तौर पर तैयार किया गया है.

ये मिसाइल अब तक की सबसे आधुनिक और मारक मिसाइलों में से एक है. इसका वजन 190 किलो और लंबाई 3.7 मीटर की है.  बता दें कि हवा से हवा में मार करने वाली ये मिसाइलें 120 से 150 किलोमीटर की दूरी तक लक्ष्य को भेद सकती हैं. ये मिसाइल इतनी मारक है कि इसे ‘नो स्केप’ भी कहा जाता है. राफेल में इस मिसाइल की तैनाती के जरिए भारत ने अपने प्रतिद्वंद्वी देशों पाकिस्तान और चीन के मुकाबले हवाई जंग में निर्णायक बढ़त हासिल कर ली है. राफेल में तैनात इस मिसाइल की खूबियों की बात करें तो इसे किसी भी मौसम में किसी भी तरह के लक्ष्य को भेदने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है.

जरुर पढ़ें:  अधीर रंजन चौधरी ने मोदी-शाह को बताया घुसपैठिया

 

Loading...